
कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संसद मार्च को लेकर दिए गए बीजेपी सांसद कंगना रनौत के बयान पर सियासी बयानबाजी तेज हो गई है। पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वडिंग ने सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया देते हुए केंद्र सरकार पर सवाल उठाए और छात्रों के विरोध प्रदर्शन को लेकर सरकार की आलोचना की।
कंगना रनौत के बयान पर कांग्रेस का जवाब
पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वडिंग ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करते हुए लिखा, “सवाल पूछना जुर्म बन जाए, तो समझ लो हुकूमत मुजरिम है। डर सवालों से नहीं, बेनकाब होने से लगता है। जो सरकार छात्रों से डरे, वो देश कैसे चलाएगी?” उन्होंने अपनी पोस्ट के साथ कंगना रनौत का वह वीडियो भी साझा किया, जिसमें वह संसद मार्च के दौरान डर का माहौल होने की बात कह रही हैं।
कंगना रनौत ने क्या कहा था?
बीजेपी सांसद कंगना रनौत ने संसद मार्च को लेकर कहा कि प्रदर्शन के दौरान संसद भवन के भीतर मौजूद सांसदों में डर का माहौल था। उनके अनुसार, प्रदर्शनकारी बड़ी संख्या में आगे बढ़ रहे थे और एक समय ऐसा लगा कि वे संसद की ओर हमला कर सकते हैं। उन्होंने दिल्ली पुलिस की सराहना करते हुए कहा कि पुलिस ने सुरक्षा कवच बनकर स्थिति को संभाला और कई जवानों ने ड्यूटी के दौरान चोटें भी झेलीं।

संसद मार्च के दौरान क्या हुआ?
20 जुलाई को दिल्ली में आयोजित CJP के ‘संसद चलो’ मार्च के दौरान कई स्थानों पर प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़प हुई। पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए बैरिकेडिंग, लाठीचार्ज और आंसू गैस का इस्तेमाल किया। इस दौरान कुछ प्रदर्शनकारी और पुलिसकर्मी घायल होने की खबरें भी सामने आईं।
प्रतिनिधिमंडल ने जेपी नड्डा से की मुलाकात
प्रदर्शन के बीच CJP के एक प्रतिनिधिमंडल ने केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा से मुलाकात कर अपनी मांगें रखीं। आंदोलनकारी छात्रों की प्रमुख मांग केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे और NEET पेपर लीक मामले में जवाबदेही तय करने की है।
सियासत हुई तेज
कंगना रनौत और राजा वडिंग के बयानों के बाद NEET विवाद और छात्र आंदोलन पर राजनीतिक बयानबाजी और तेज हो गई है। सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों इस मुद्दे पर आमने-सामने नजर आ रहे हैं, जबकि छात्र संगठन अपनी मांगों पर कायम हैं।