
चंदौली से समाजवादी पार्टी के सांसद वीरेंद्र सिंह ने यूपी विधानसभा चुनाव 2027 से पहले गठबंधन को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि सपा की PDA विचारधारा से जुड़ने वाले सभी राजनीतिक दलों के लिए पार्टी के दरवाजे खुले हैं। उन्होंने AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी और ओमप्रकाश राजभर का नाम लेते हुए कहा कि वे सपा के साथ आकर पार्टी के सिंबल पर चुनाव लड़ सकते हैं।
ओवैसी और राजभर को लेकर क्या बोले वीरेंद्र सिंह?
सपा सांसद वीरेंद्र सिंह ने एबीपी न्यूज़ से बातचीत में कहा कि उनकी पार्टी उन सभी राजनीतिक दलों के लिए खुली है, जो समाजवादी पार्टी की विचारधारा से जुड़ना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि असदुद्दीन ओवैसी हों या ओमप्रकाश राजभर, अगर वे सपा की PDA विचारधारा से जुड़ना चाहते हैं तो साथ आ सकते हैं।
वीरेंद्र सिंह के मुताबिक, ऐसे नेताओं को सपा अपने चुनाव चिन्ह पर चुनाव लड़ाने के लिए भी तैयार है। हालांकि, यह बयान सपा सांसद का है और इसे पार्टी की ओर से AIMIM के साथ औपचारिक गठबंधन की घोषणा के तौर पर नहीं देखा जा सकता।
ओवैसी ने दिया था गठबंधन का ऑफर
AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी इससे पहले यूपी विधानसभा चुनाव को लेकर विपक्षी दलों के साथ गठबंधन की इच्छा जता चुके हैं। उन्होंने कहा था कि AIMIM गैर-बीजेपी दलों के साथ गठबंधन के लिए तैयार है और 2 अक्टूबर तक गठबंधन को लेकर फैसला करने की बात कही थी।
हालांकि, 3 अक्टूबर को सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने कहा कि 2027 के यूपी विधानसभा चुनाव में वही गठबंधन जारी रहेगा, जिसने 2024 के लोकसभा चुनाव में बीजेपी को यूपी में हराया था। यह बयान AIMIM के साथ संभावित नए गठबंधन की अटकलों के बीच आया है।

अजय राय को हटाए जाने पर BJP पर पलटवार
उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष पद से अजय राय को हटाए जाने को लेकर बीजेपी के तंज पर भी वीरेंद्र सिंह ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि बीजेपी ऐसा चश्मा लगाए हुए है, जिससे उसे इंडिया गठबंधन और उसके घटक दलों में दरार दिखाई देती है।
सपा सांसद ने कहा कि किसी भी पार्टी में संगठनात्मक बदलाव उसका अपना आंतरिक विषय होता है और राजनीतिक दल अपने समीकरण के हिसाब से फैसले लेते हैं।
ज्ञानेश कुमार के खिलाफ आंदोलन का ऐलान
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर भी वीरेंद्र सिंह ने बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ता चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करेंगे। उनके मुताबिक, पार्टी का आंदोलन मतदाता अधिकार और SIR से जुड़े मुद्दों को लेकर जारी रहेगा।
चंदौली में वीरेंद्र सिंह ने यह भी कहा कि 6 अक्टूबर को इंडिया गठबंधन के सांसद दिल्ली में मार्च निकालेंगे और चुनाव आयोग तक जाएंगे। स्थानीय रिपोर्टों में सपा के 2 से 8 अक्टूबर तक ‘लोकतंत्र बचाओ’ अभियान चलाने की जानकारी भी सामने आई है।
महाभियोग की भी कही बात
वीरेंद्र सिंह ने कहा कि यदि ज्ञानेश कुमार के खिलाफ कार्रवाई नहीं होती है तो उनके खिलाफ महाभियोग लाने की मांग की जाएगी। उन्होंने कार्रवाई और मुकदमा दर्ज किए जाने की मांग भी उठाई।
सपा सांसद ने आंदोलन को लेकर कहा कि पार्टी कार्यकर्ताओं का संघर्ष तब तक जारी रहेगा, जब तक उन्हें न्याय नहीं मिलता। ये उनके राजनीतिक बयान और पार्टी के आंदोलन की घोषणा हैं; चुनाव आयोग के खिलाफ लगाए गए आरोपों को स्वतंत्र रूप से स्थापित तथ्य के रूप में नहीं माना जा सकता।
2027 से पहले गठबंधन की राजनीति तेज
यूपी विधानसभा चुनाव 2027 से पहले विपक्षी दलों के बीच गठबंधन को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हैं। एक तरफ AIMIM प्रमुख ओवैसी विपक्षी दलों के साथ गठबंधन की पैरवी कर चुके हैं, वहीं सपा सांसद वीरेंद्र सिंह ने PDA विचारधारा से जुड़ने वाले दलों के लिए पार्टी के दरवाजे खुले होने की बात कही है।
दूसरी ओर, अखिलेश यादव मौजूदा SP-कांग्रेस गठबंधन को जारी रखने की बात कह चुके हैं। ऐसे में आने वाले दिनों में सीट बंटवारे और गठबंधन को लेकर तस्वीर और स्पष्ट होने की संभावना है।
