
मुंबई में टाइगर श्रॉफ पर हुई फायरिंग के बाद पुलिस की जांच लगातार आगे बढ़ रही है। वारदात में इस्तेमाल पीली पल्सर बाइक बरामद होने से जांच को अहम दिशा मिली है। बाइक कई हाथों से गुजरकर शूटर्स तक पहुंची थी, जिससे अब पुलिस मालिकों की कड़ियां जोड़ रही है।
अंधेरी से बरामद हुई बाइक
टाइगर श्रॉफ फायरिंग मामले में मुंबई पुलिस को महत्वपूर्ण सुराग मिला है। पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल की गई पीले रंग की पल्सर बाइक को अंधेरी वेस्ट रेलवे स्टेशन के पास से बरामद किया। रात में बाइक को डीएन नगर पुलिस स्टेशन लाया गया, जहां उसकी जांच शुरू की गई।
तीन बार हुई बाइक की खरीद-बिक्री
पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि बाइक का पहला मालिक जोगेश्वरी इलाके का रहने वाला था। उसने बाइक किसी दूसरे व्यक्ति को बेची और बाद में दूसरे मालिक ने इसे तीसरे व्यक्ति को बेच दिया। इस तरह बाइक तीन मालिकों के हाथों से होकर गुजरी।
बताया जा रहा है कि तीसरे मालिक ने पितृ पक्ष से पहले बाइक शूटर्स को बेच दी थी। हालांकि, आरटीओ दस्तावेजों में मालिकाना हक ट्रांसफर नहीं कराया गया था। इसी वजह से पुलिस पुराने मालिकों से पूछताछ कर कड़ियां जोड़ रही है।
पुलिस ने मालिक से की पूछताछ
बाइक के मालिक से पुलिस ने शुरुआती पूछताछ की है। पूछताछ के बाद फिलहाल उसे जाने दिया गया है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि बाइक शूटर्स तक कैसे पहुंची और इसे खरीदने वाले लोगों की पहचान क्या है।

सात राउंड फायरिंग से मचा था हड़कंप
जुहू इलाके में रविवार शाम टाइगर श्रॉफ पर कथित तौर पर तीन हमलावरों ने फायरिंग की थी। घटना में टाइगर श्रॉफ सुरक्षित बच गए, जबकि उनके चालक और एक ऑटो चालक के घायल होने की जानकारी सामने आई है। फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए हैं। शुरुआती जानकारी के मुताबिक करीब सात राउंड फायरिंग हुई।
15 पुलिस टीमों को जांच में लगाया गया
हमलावरों की तलाश के लिए मुंबई पुलिस ने करीब 15 टीमें गठित की हैं। कथित हमलावरों की तस्वीरें सामने आने की भी खबर है, हालांकि उनकी पहचान की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है। सोशल मीडिया पर एक पोस्ट के जरिए लॉरेंस बिश्नोई गिरोह द्वारा जिम्मेदारी लेने का दावा भी किया गया है, लेकिन ऐसे दावों की आधिकारिक पुष्टि जरूरी है।
जांच के लिए बाइक बन सकती है अहम कड़ी
अब बरामद पल्सर बाइक पुलिस के लिए जांच की महत्वपूर्ण कड़ी बन सकती है। वाहन की फॉरेंसिक जांच, बिक्री से जुड़े रिकॉर्ड और संभावित आरोपियों के संपर्कों की पड़ताल से शूटर्स तक पहुंचने में मदद मिल सकती है। इस मामले में हर छोटी कड़ी महत्वपूर्ण है, क्योंकि बाइक की कहानी सीधे वारदात के पीछे मौजूद नेटवर्क तक पहुंचा सकती है।
टाइगर श्रॉफ फायरिंग मामले में बाइक की बरामदगी ने जांच को नया मोड़ दिया है। अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि कई मालिकों से गुजरकर यह बाइक आखिर शूटर्स तक कैसे पहुंची। पुलिस की अगली कार्रवाई इसी कड़ी का जवाब तलाशने पर केंद्रित है।