महिला नेता का आरोप, शिकायत के बावजूद बीजेपी ने नहीं की करु. नागराजन के खिलाफ कार्रवाई

तमिलनाडु के चेन्नई जिले से बीजेपी के राज्य उपाध्यक्ष करु. नागराजन पर महिला पदाधिकारी थंगसोबना ने गंभीर छेड़छाड़ और उत्पीड़न के आरोप लगाए हैं। थंगसोबना, जो पार्टी की महिला विंग की प्रमुख हैं, ने इस संबंध में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर मामले में तत्काल कार्रवाई की मांग की है। इस पत्र ने राजनीतिक हलकों में हलचल मचा दी है और पार्टी नेतृत्व के लिए दबाव बढ़ा दिया है।
कमलालयम कार्यालय में कथित उत्पीड़न
थंगसोबना ने अपने पत्र में 2018 से अब तक अपने साथ हुई कथित घटनाओं का विस्तार से उल्लेख किया है। उन्होंने आरोप लगाया कि करु. नागराजन ने उन्हें पार्टी कार्यालय ‘कमलालयम’ में अकेले बुलाया और जबरदस्ती उनका हाथ पकड़कर खींचा। इसके बाद उन्होंने चुंबन करने की कोशिश की और विरोध करने पर थप्पड़ मारकर उन्हें वहां से बाहर निकाल दिया। आरोप है कि यह पहली घटना नहीं थी और ऐसे कई बार उन्हें परेशान किया गया।

सुनसान जगह पर बुलाकर की गई कथित छेड़छाड़ और धमकियां
महिला नेता ने बताया कि साल 2022 में पार्टी के काम के बहाने उन्हें एक सुनसान स्थान पर बुलाया गया। आरोप है कि कार में बैठाकर उन्हें आपत्तिजनक प्रस्ताव दिए गए और कहा गया कि अगर उन्होंने उनकी बात मानी तो उन्हें ‘महारानी’ की तरह रखा जाएगा। साथ ही, रेप की कोशिश करने का आरोप भी लगाया गया है। थंगसोबना ने कहा कि करु. नागराजन ने धमकी दी थी कि अगर उन्होंने उनकी बात नहीं मानी तो उनका राजनीतिक करियर खत्म कर दिया जाएगा और पार्टी से बाहर कर दिया जाएगा।
शिकायत के बावजूद कार्रवाई नहीं, राजनीतिक हलचल तेज
थंगसोबना ने आरोप लगाया कि उन्होंने इस मामले की शिकायत पूर्व राज्य अध्यक्ष अन्नामलाई और पूर्व संगठन महासचिव केशव विनायकन से भी की, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। करु. नागराजन allegedly उन्होंने धमकी दी कि थंगसोबना कुछ नहीं कर सकतीं क्योंकि उनके खिलाफ पार्टी के शीर्ष नेताओं की मदद मौजूद है। फिलहाल करु. नागराजन की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। मामला सार्वजनिक होने के बाद राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज हो गई है और पार्टी की प्रतिक्रिया का इंतजार किया जा रहा है।
