UIDAI का मास्टरस्ट्रोक आधार फोटोकॉपी का खेल होगा खत्म जानिए नया नियम

नए Aadhaar ऐप के लॉन्च के बाद अब भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण UIDAI आधार कार्ड को लेकर एक और बड़ा कदम उठाने की तैयारी में है। सामने आई रिपोर्ट्स के मुताबिक आधार कार्ड के दुरुपयोग को पूरी तरह रोकने के लिए इसके फिजिकल और डिजिटल स्वरूप में बड़ा बदलाव किया जा सकता है। आने वाले समय में आधार कार्ड पर केवल कार्डधारक की फोटो और एक सुरक्षित QR कोड ही दिखाई देगा। नाम पता जन्मतिथि और आधार नंबर जैसी संवेदनशील जानकारियां कार्ड पर प्रिंट नहीं होंगी। सरकार का मानना है कि आधार कार्ड की फोटोकॉपी के गलत इस्तेमाल से लोगों की निजता को खतरा पैदा हो रहा है। इसी वजह से पिछले साल से ही इस बदलाव पर गंभीरता से काम किया जा रहा है।
नया आधार ऐप बना बदलाव की नींव
UIDAI ने हाल ही में नए आधार ऐप का फुल वर्जन रोल आउट किया है जिसे आधार इकोसिस्टम का सबसे बड़ा डिजिटल अपग्रेड माना जा रहा है। इस ऐप की मदद से अब कार्डधारकों को मोबाइल नंबर अपडेट करने एड्रेस बदलने या अन्य जानकारियों के लिए आधार सेवा केंद्र जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। यूजर सीधे ऐप से ये सभी अपडेट कर सकते हैं। इसके साथ ही बायोमैट्रिक लॉक और अनलॉक जैसी सिक्योरिटी सुविधाएं भी अब एक क्लिक में उपलब्ध हैं। UIDAI के सीईओ भुवनेश कुमार ने एक ऑनलाइन कॉन्फ्रेंस में साफ किया था कि आधार कार्ड की कॉपी के जरिए हो रहे फ्रॉड को रोकने के लिए नए नियमों पर काम चल रहा है। भारत में आधार आज हर नागरिक की पहचान का सबसे अहम दस्तावेज बन चुका है। बैंक अकाउंट ओपन करना हो सिम कार्ड लेना हो या सरकारी योजनाओं का लाभ उठाना हो आधार हर जगह जरूरी है।

फोटोकॉपी के खतरे से मिलेगी राहत
वर्तमान व्यवस्था में आधार कार्ड धारकों को बैंक सिम एजेंसी या सरकारी दफ्तरों में अपने आधार की फोटोकॉपी जमा करनी पड़ती है। इन फोटोकॉपी में नाम पता जन्मतिथि और आधार नंबर जैसी पूरी जानकारी मौजूद होती है। यही जानकारी कई बार गलत हाथों में चली जाती है और पहचान की चोरी का कारण बनती है। UIDAI अब इस जोखिम को खत्म करना चाहता है। प्रस्तावित बदलाव के तहत आधार कार्ड को केवल फोटो पहचान पत्र की तरह इस्तेमाल किया जाएगा। कार्ड पर मौजूद QR कोड स्कैन करके ही वेरिफिकेशन किया जाएगा। QR कोड के जरिए संबंधित संस्था को केवल उतनी ही जानकारी मिलेगी जितनी वेरिफिकेशन के लिए जरूरी होगी। इससे कार्डधारक की निजी जानकारी गोपनीय बनी रहेगी और फर्जीवाड़े की संभावना लगभग खत्म हो जाएगी।
QR कोड से होगा हर जगह वेरिफिकेशन
नए सिस्टम के लागू होने के बाद बैंक सिम कंपनियां और सरकारी विभाग QR कोड स्कैन करके तुरंत आधार वेरिफाई कर सकेंगे। इससे न तो फोटोकॉपी की जरूरत होगी और न ही संवेदनशील डाटा साझा करना पड़ेगा। खास बात यह है कि नए आधार ऐप में पहले से ही यह व्यवस्था देखने को मिल रही है। ऐप में लॉग इन करने पर केवल कार्डधारक की फोटो और QR कोड दिखाई देता है जबकि बाकी जानकारी छिपी रहती है। बिना ऑथेंटिकेशन के कोई भी डिटेल एक्सेस नहीं कर सकता। हालांकि दिसंबर से इस नियम के लागू होने की चर्चाएं थीं लेकिन अभी तक इसे आधिकारिक रूप से लागू नहीं किया गया है। माना जा रहा है कि जल्द ही UIDAI इस बदलाव को देशभर में लागू कर सकता है। अगर ऐसा होता है तो आधार कार्ड की सुरक्षा और निजता दोनों के लिहाज से यह एक बड़ा और ऐतिहासिक कदम साबित होगा।
