शेयर बाजार में दो दिन बाद आई रौनक, इन्फोसिस ने बढ़ाया निवेशकों का भरोसा

शुक्रवार को घरेलू शेयर बाजारों में दो दिन बाद तेजी देखने को मिली। प्रमुख सूचकांक हल्की बढ़त के साथ बंद हुए। बीएसई सेंसेक्स 188 अंक चढ़कर 83,570.35 के स्तर पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान सेंसेक्स ने एक समय 752 अंकों की तेजी दिखाते हुए 84,134.97 अंक तक का उछाल भी लगाया। वहीं, एनएसई का निफ्टी 28.75 अंकों की बढ़त के साथ 25,694.35 पर बंद हुआ। यह बढ़त खासतौर पर आईटी दिग्गज इन्फोसिस के शेयरों में जोरदार तेजी की वजह से आई। निवेशकों के बीच फिर से बाजार में उत्साह देखा गया।
इन्फोसिस ने बढ़ाई निवेशकों की उम्मीदें
सेंसेक्स में शामिल कंपनियों में इन्फोसिस के शेयरों में सबसे ज्यादा 5.67 प्रतिशत की तेजी दर्ज की गई। कंपनी ने दिसंबर तिमाही में 8.9 प्रतिशत की वृद्धि के साथ 45,479 करोड़ रुपये का परिचालन राजस्व दर्ज किया है। इसके साथ ही इन्फोसिस ने चालू वित्त वर्ष के लिए राजस्व वृद्धि के अपने अनुमान को 3 से 3.5 प्रतिशत तक बढ़ा दिया है, जिससे निवेशकों का विश्वास बढ़ा है। इसके अलावा टेक महिंद्रा, एचसीएल टेक, भारतीय स्टेट बैंक, अल्ट्राटेक सीमेंट और एचडीएफसी बैंक के शेयरों ने भी बाजार में मजबूती दिखाई। ये शेयर बाजार के बढ़ने में मुख्य भूमिका निभा रहे हैं।
कुछ शेयरों में गिरावट से मिली सावधानी
हालांकि, पूरे बाजार में तेजी देखने को मिली, लेकिन कुछ बड़े शेयरों में गिरावट ने बाजार की तेजी को थोड़ा धीमा कर दिया। इटर्नल, एशियन पेंट्स, भारत इलेक्ट्रॉनिक्स, सन फार्मा और मारुति के शेयरों में गिरावट दर्ज की गई। इस वजह से बाजार में मुनाफा लेने की प्रवृत्ति बढ़ी और कारोबारी सत्र के अंतिम घंटों में तेजी सीमित रह गई। जियोजित इन्वेस्टमेंट्स लिमिटेड के शोध प्रमुख विनोद नायर के अनुसार, आईटी और मझोले बैंकिंग शेयरों के बेहतर तिमाही नतीजों से बाजार में सकारात्मक माहौल बना, लेकिन मुनाफावसूली की वजह से तेजी को स्थिरता नहीं मिली।
वैश्विक बाजार और निवेशकों की सक्रियता
वैश्विक बाजारों की बात करें तो दक्षिण कोरिया का कॉस्पी सूचकांक बढ़त के साथ बंद हुआ, जबकि जापान का निक्की, चीन का शंघाई कंपोजिट और हांगकांग का हैंगसेंग नुकसान में रहे। यूरोपीय बाजार गिरावट के साथ कारोबार कर रहे थे, वहीं अमेरिकी बाजार गुरुवार को बढ़त के साथ बंद हुए थे। विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने बुधवार को 4,781.24 करोड़ रुपये के शेयरों की बिकवाली की, जबकि घरेलू संस्थागत निवेशकों (डीआईआई) ने 5,217.28 करोड़ रुपये के शेयर खरीदे। इसके अलावा, अंतरराष्ट्रीय तेल मानक ब्रेंट क्रूड 1.05 प्रतिशत बढ़कर 64.43 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया, जिसका असर आने वाले दिनों में बाजार की चाल पर देखने को मिल सकता है। महाराष्ट्र में नगर निकाय चुनाव के कारण बृहस्पतिवार को शेयर बाजार बंद रहा था, जिससे बाजार में कुछ हद तक स्थिरता बनी रही।
