दीपिंदर गोयल का नेट वर्थ: ज़ोमैटो के सीईओ पद से इस्तीफा और उनकी संपत्ति की जानकारी

हाल ही में कॉर्पोरेट जगत में एक बड़ी चर्चा का विषय बना है दीपिंदर गोयल का ज़ोमैटो और ब्लिंकिट की पैरेंट कंपनी ईटरनल के चीफ एग्जीक्यूटिव ऑफिसर (सीईओ) पद से इस्तीफा देना। कंपनी की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, दीपिंदर ने यह जिम्मेदारी छोड़ने का फैसला लिया है। 1 फरवरी से ब्लिंकिट के संस्थापक और सीईओ अलबिंदर सिंह ढिंडसा इस पद की जिम्मेदारी संभालेंगे। दीपिंदर ने शेयरहोल्डर्स को लिखे पत्र में कहा कि अब वे ऐसे नए विचारों और प्रयोगों की ओर आकर्षित हो रहे हैं जिनमें जोखिम अधिक है और इसलिए उन्हें कंपनी के बाहर करना बेहतर समझते हैं। आइए जानते हैं उनकी कुल संपत्ति के बारे में।
दीपिंदर गोयल की कुल संपत्ति कितनी है?
वैश्विक वेल्थ ट्रैकरों के अनुसार, 21 जनवरी 2026 तक दीपिंदर गोयल की रियल-टाइम नेट वर्थ लगभग 1.6 बिलियन अमेरिकी डॉलर आंकी गई है। भारतीय रुपये में यह करीब ₹13,300 करोड़ के आसपास है। उनकी इस संपत्ति का एक बड़ा हिस्सा ज़ोमैटो में उनके 4.18 प्रतिशत हिस्सेदारी से आता है।
2024 में दीपिंदर की संपत्ति लगभग ₹8,300 करोड़ से ₹10,100 करोड़ के बीच आंकी गई थी, जो लगभग 1 से 1.2 बिलियन डॉलर के बराबर थी। उस समय ज़ोमैटो की तेजी से बढ़ती हुई क्विक कॉमर्स सेवा ब्लिंकिट ने उनके नेट वर्थ को मजबूती दी थी। 2024 के अंत तक ज़ोमैटो के शेयर मूल्य में हुई बढ़ोतरी के कारण उनकी कुल संपत्ति ₹10,100 करोड़ के पार चली गई थी। जुलाई 2025 में फोर्ब्स ने उनकी संपत्ति का आकलन 1.9 बिलियन डॉलर किया था, जिसमें ब्लिंकिट के मजबूत प्रदर्शन को मुख्य कारण माना गया।
गुरुग्राम के दूसरे सबसे अमीर व्यक्ति के रूप में दीपिंदर गोयल
2024 में दीपिंदर गोयल को हुरुन इंडिया रिच लिस्ट में गुरुग्राम के दूसरे सबसे अमीर व्यक्ति के रूप में नामित किया गया था। उस समय उनकी संपत्ति ₹9,300 करोड़ बताई गई थी। यह रैंकिंग उनकी कंपनी की मजबूत कारोबारी सफलता को दर्शाती है।
वित्तीय वर्ष 2025-26 की तीसरी तिमाही में ईटरनल का बेहतर प्रदर्शन
वित्तीय वर्ष 2025-26 की तीसरी तिमाही में ईटरनल की संयुक्त लाभ राशि ₹102 करोड़ रही, जो पिछले वर्ष की समान तिमाही के ₹59 करोड़ से करीब 73% अधिक है। इसी दौरान कंपनी का संचालन से होने वाला राजस्व ₹16,315 करोड़ तक पहुंच गया है, जो कंपनी के व्यापार की मजबूती और विस्तार को दर्शाता है। इस तरह के आर्थिक संकेत दीपिंदर गोयल के नेतृत्व और उनके बनाए हुए बिजनेस मॉडल की सफलता का प्रमाण हैं।
