कैसे एंड्रॉयड ट्रैकिंग से बचती है बैटरी और सुरक्षित रहता है आपका डेटा

डिजिटल दुनिया में ट्रैकिंग सुनते ही यूजर अलर्ट हो जाते हैं। अधिकांश लोग इसे अपनी प्राइवेसी के लिए खतरा मानते हैं। हालांकि, हर ट्रैकिंग केवल डेटा चोरी या सेंसेटिव जानकारी के लिए नहीं होती। फोन आपकी सुरक्षा और सुविधा के लिए भी कई तरह से ट्रैकिंग करता है। ये ट्रैकिंग आपके फोन को स्मार्ट बनाती है और कई बार आपके लिए जरूरी अलर्ट और सेविंग्स में मदद करती है।
अनयूज्ड ऐप्स की ट्रैकिंग से डेटा और बैटरी बचती है
फोन में अक्सर कई ऐसी ऐप्स होती हैं, जिन्हें आप लंबे समय से उपयोग नहीं कर रहे होते। ऐसे ऐप्स को डिलीट करना जरूरी नहीं होता और भविष्य में जरूरत पड़ सकती है। एंड्रॉयड इन अनयूज्ड ऐप्स पर नजर रखता है। जब आप लंबे समय तक किसी ऐप का इस्तेमाल नहीं करते, तो यह ऑटोमैटिक उसकी परमिशन हटा देता है। इस तरह आपका डेटा सुरक्षित रहता है। इसके साथ ही बैटरी बचाने के लिए यह उन ऐप्स से आने वाली नोटिफिकेशन भी बंद कर देता है, जिससे फोन की परफॉर्मेंस बेहतर रहती है।

मूवमेंट ट्रैकिंग से स्वास्थ्य और लोकेशन की जानकारी
फोन आपके हर मूवमेंट की जानकारी भी रखता है। इसमें एक्सलेरोमीटर और गायरोस्कोप सेंसर लगे होते हैं, जो आपके चलने और फोन के रोटेशन को लगातार ट्रैक करते हैं। GPS और नेटवर्क डेटा का इस्तेमाल यह पता लगाने के लिए होता है कि आप कहां-कहां गए। इससे आप अपनी मूवमेंट हिस्ट्री गूगल मैप्स पर भी देख सकते हैं। यह ट्रैकिंग आपके फिटनेस और लोकेशन की जानकारी में मदद करती है, जिससे स्वास्थ्य और सुरक्षा दोनों का ध्यान रखा जा सकता है।
नोटिफिकेशन हिस्ट्री में भी नजर रखता है फोन
फोन पर हर दिन सैकड़ों नोटिफिकेशन आते हैं। आप उन्हें तुरंत पढ़े बिना क्लियर कर देते हैं, लेकिन एंड्रॉयड हर नोटिफिकेशन पर नजर रखता है। पिछले 24 घंटों में आए नोटिफिकेशन की पूरी जानकारी फोन के पास रहती है। अगर कोई जरूरी नोटिफिकेशन मिस हो गया हो, तो आप सेटिंग्स में जाकर नोटिफिकेशन हिस्ट्री में उसे देख सकते हैं। यह फीचर यूजर को महत्वपूर्ण मैसेज और अलर्ट नहीं छोड़ने में मदद करता है।
